पढ़िए लब्बैक का बयान

0
112
Labbaik Ka Bayan
Makkah
Islamic Palace App

Labbaik Ka Bayan

लब्बैक का बयान

अब्दुल्लाह बिन उमर रज़ि. से रिवायत है कि रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि व सल्ल्म इस तरह तलबिया कहते थे

मैं हाज़िर हूँ ऐ अल्लाह, मैं हाज़िर हूँ मैं फिर हाज़िर हूँ।

तेरा कोई शरीक नहीं, मैं हाज़िर हूँ, तेरे ही लिए तारीफ है,

तू ही सारी नैमतों और बादशाहत का मालिक है, तेरा कोई शरीक नहीं।

फायदे :

कुछ रिवायत से पता चलता है कि तलबिया के अल्फ़ाज़ में इज़ाफ़ा करना जाइज़ है।

लेकिन रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि व सल्ल्म के तलबिया पर इक्तफा करना बेहतर है।

तलबिया के इख्तिताम पर रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि व सल्ल्म पर दरूद पढ़ना,

जन्नत का सवाल और जहन्नम से पनाह मांगना भी बाज़ रिवायत में आया है।

(औनुलबारी, 2/533)

Follow Us

हमारा फेसबुक पेज लाइक करने के लिए यहाँ क्लिक करें…

अल्लाह तआला रब्बुल अज़ीम हम सब मुसलमान भाइयों को कहने, सुनने और सिर्फ पढ़ने से ज्यादा अमल करने की तौफीक अता फ़रमाये और हमारे रसूल  नबी ए करीम सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की बताई हुई सुन्नतों और उनके बताये हुए रास्ते पर हम सबको चलने की तौफीक अता फ़रमाये (आमीन)

ISLAMIC PALACE को लाइक करने के लिए आप सभी का बहुत-बहुत शुक्रिया। जिन्होंने लाइक नहीं किया तो वह इसी तरह की दीन और इस्लाम से जुड़ी हर अहम बातों से रूबरू होने के लिए हमारे इस पेज Islamic Palace को ज़रूर लाइक करें, और ज़्यादा से ज़्यादा लोगों को शेयर के ज़रिये पहुंचाए। शुक्रिया

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.