नमाज़ में इमाम कि ताबेदारी वाजिब है जानिए हुजूर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने क्या फ़रमाया

0
81
Namaz Mein Imam Ki Tabedari Wajib Hai
Namaz
Islamic Palace App

Namaz Mein Imam Ki Tabedari Wajib Hai

नमाज़ में इमाम कि ताबेदारी वाजिब है

बुखारी शरीफ़ में है कि रसूल अल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने फ़रमाया कि-

क्या तुम में कोई डरता नहीं कि इमाम से पहले अपना सर उठाये

और अल्लाहतआला उसके सर को गधे के सर से बदल डाले या उसकी सूरत गधे की-सी कर दे।

फ़ायदा-

इस हदीस शरीफ़ का मतलब यह है कि-

इमाम से पहले जो मुक़तदी सज्दे से सर उठाये वह गधा है कि वह अपने इमाम कि ताबेदारी नहीं करता,

ऐसे शख्स नमाज़ कि नमाज़ नहीं होती। इमाम से पहले कोई भी फेअल न करे।

यहां तक कि सलाम भी इमाम से पहले न फेरे।

इसलिए मक़्तादि को चाहिए कि नमाज़ में इमाम की ताबेदारी करे वर्ना सज़ा मिलेगी।

(बागे-जन्नत यानी ख़ुदाई बाग़, सफा न० 247)

Follow Us

हमारा फेसबुक पेज लाइक करने के लिए यहाँ क्लिक करें…

अल्लाह तआला रब्बुल अज़ीम हम सब मुसलमान भाइयों को कहने, सुनने और सिर्फ पढ़ने से ज्यादा अमल करने की तौफीक अता फ़रमाये और हमारे रसूल  नबी ए करीम सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की बताई हुई सुन्नतों और उनके बताये हुए रास्ते पर हम सबको चलने की तौफीक अता फ़रमाये (आमीन)

ISLAMIC PALACE को लाइक करने के लिए आप सभी का बहुत-बहुत शुक्रिया। जिन्होंने लाइक नहीं किया तो वह इसी तरह की दीन और इस्लाम से जुड़ी हर अहम बातों से रूबरू होने के लिए हमारे इस पेज Islamic Palace को ज़रूर लाइक करें, और ज़्यादा से ज़्यादा लोगों को शेयर के ज़रिये पहुंचाए। शुक्रिया

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.